
सम्पूर्ण भारत,पूर्णिया: अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) के शिष्टमंडल ने पूर्णिया विश्वविद्यालय अंतर्गत गोरेलाल मेहता महाविद्यालय, बनमनखी की विभिन्न समस्याओं को लेकर कुलपति विवेकानंद सिंह को 16 सूत्री मांगपत्र सौंपा।
ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि महाविद्यालय के प्रधानाचार्य द्वारा कॉलेज का संचालन तानाशाही ढंग से किया जा रहा है। मूलभूत सुविधाओं की अनदेखी, छात्रों द्वारा उचित मांग उठाने पर एफआईआर की धमकी, तथा एक विशेष कर्मचारी के माध्यम से अवैध रूप से कार्य कराए जाने जैसे गंभीर मुद्दे उठाए गए। अभाविप ने बताया कि इन शिकायतों की जानकारी पूर्व में भी कुलपति को दी गई थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
अभाविप के विभाग संयोजक नीतीश निक्कू ने कहा कि कॉलेज में छात्राओं की समस्याएं प्रमुख हैं, जिनमें कॉमन रूम की व्यवस्था, छात्रावास की सुविधा तथा पुस्तकालय को सुदृढ़ करने की मांग शामिल है।

जिला संयोजक दीपक चौधरी ने कहा कि कॉलेज में लगातार समस्याएं बनी हुई हैं और कई बार प्रशासन को अवगत कराने के बावजूद सुधार नहीं हुआ, बल्कि प्रशासन का रवैया और कठोर होता गया है।
प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य विशाल कुमार ने आरोप लगाया कि कॉलेज प्रशासन समस्याओं को उठाने पर छात्रों की आवाज दबाने का प्रयास करता है और एफआईआर की धमकी देता है। उन्होंने यह भी कहा कि कॉलेज में बाउंसर रखने तथा शिक्षा भ्रमण के नाम पर केवल चुनिंदा छात्राओं को ले जाने जैसे मामले भी सामने आए हैं, जबकि अन्य छात्रों को इसकी जानकारी तक नहीं दी जाती।
अभाविप ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो संगठन चरणबद्ध आंदोलन के लिए बाध्य होगा। इस पर कुलपति विवेकानंद सिंह ने चार दिनों के भीतर कार्रवाई का आश्वासन दिया।
मौके पर नगर मंत्री प्रहलाद कुमार, कॉलेज उपाध्यक्ष राजू कुमार, कॉलेज मंत्री कन्हैया कुमार, नितेश कुमार, छोटू कुमार, मंचन कुमार, अंकित कुमार, अजय कुमार, सन्नी कुमार सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।







