पूर्णियां(बिहार):-भीषण ठंड के प्रकोप से जूझ रहे अमौर में हालात ऐसे बन गए हैं कि लोग अपनी सुरक्षा से अधिक ठंड से बचने की जद्दोजहद में जुटे हैं। अलाव की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण लोग कूड़ा-कचरा और करकट जलाकर ठंड से राहत पाने की कोशिश कर रहे हैं, जिससे स्वास्थ्य और पर्यावरण दोनों पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है।
स्थानीय नज़र पंचायत ललगंज के विजय कुमार और मो. सज्जाद ने नगर पंचायत पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि ठंड से बचाव के लिए अब तक कोई मुकम्मल व्यवस्था नहीं की गई है। उन्होंने बताया कि मजबूरी में लोग कचरा जलाने को विवश हैं, जिससे जहरीला धुआं फैल रहा है और बच्चों, बुजुर्गों व बीमार लोगों के लिए खतरा बढ़ गया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि नगर पंचायत समय रहते अलाव, लकड़ी या अन्य सुरक्षित इंतजाम कर दे, तो न सिर्फ लोगों को राहत मिलेगी बल्कि जान-माल की सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी। बावजूद इसके, प्रशासनिक स्तर पर अब तक कोई ठोस पहल नजर नहीं आ रही है।
ठंड के इस दौर में नगर पंचायत की निष्क्रियता पर सवाल उठने लगे हैं। आमजन ने प्रशासन से अविलंब हस्तक्षेप कर सुरक्षित अलाव की व्यवस्था कराने की मांग की है, ताकि कूड़े की आग में सर्दी से जूझते लोगों की जिंदगी दांव पर न लगे।